बदायूं। जिले की राजनीति में बुधवार को उस समय हलचल तेज हो गई, जब बिसौली विधानसभा क्षेत्र के पूर्व भाजपा विधायक कुशाग्र सागर ने भारतीय जनता पार्टी की प्राथमिक सदस्यता और पार्टी में निभाए जा रहे सभी दायित्वों से इस्तीफा देने की घोषणा कर दी। उन्होंने अपनी फेसबुक आईडी पर पोस्ट साझा कर 21 अक्टूबर 2026 को यह निर्णय सार्वजनिक किया। उनके इस्तीफे के बाद भाजपा की जिला राजनीति में चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है। इस घटनाक्रम पर भाजपा जिलाध्यक्ष राजीव कुमार गुप्ता ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि चुनाव आते ही राजनीतिक लोगों का मन विचलित होता है और राजनीतिक उथल-पुथल होना सामान्य बात है।
कुशाग्र सागर ने अपने इस्तीफे के संदेश में कहा कि उनके लिए यह फैसला आसान नहीं था, क्योंकि पिछले 11 वर्षों के राजनीतिक सफर से अनेक यादें, अनुभव और भावनाएं जुड़ी हुई हैं। उन्होंने आत्ममंथन के बाद पार्टी की प्राथमिक सदस्यता तथा सभी दायित्वों से त्यागपत्र देने की घोषणा की और अपनी राजनीतिक यात्रा में साथ देने वाले लोगों के प्रति आभार व्यक्त किया।
‘कौन गया, इस पर ऊर्जा खर्च करना उचित नहीं’
भाजपा जिलाध्यक्ष राजीव कुमार गुप्ता ने कहा कि वह भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ता हैं, इसलिए भाजपा की विचारधारा और कार्यशैली की बात करेंगे। कौन पार्टी छोड़कर गया, इस पर अपनी ऊर्जा खर्च करना वह उचित नहीं समझते। उन्होंने कहा कि भाजपा राष्ट्र निर्माण का महायज्ञ कर रही है, जिसमें राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखने वाले लोग तन, मन और धन से अपनी आहुति दे रहे हैं। उनके मुताबिक, जिन्हें केवल विधायक या सांसद बनना है, उनके लिए भाजपा उचित स्थान नहीं है। भाजपा भी लोगों को विधायक और सांसद बनने का अवसर देती है, लेकिन उसकी राजनीति का उद्देश्य राष्ट्र निर्माण है, न कि व्यक्तिगत स्वार्थ।
25 वर्ष की उम्र में विधायक बनने का दिया अवसर
राजीव कुमार गुप्ता ने कहा कि कुशाग्र सागर बसपा से भाजपा में आए थे। भाजपा ने उन्हें मात्र 25 वर्ष की उम्र में विधायक बनने का अवसर दिया, जो पार्टी नेतृत्व के विश्वास को दर्शाता है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि भाजपा का प्रत्याशी कमल का फूल है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मार्गदर्शन में पार्टी विकास एवं जनसेवा के संकल्प के साथ निरंतर आगे बढ़ रही है। उन्होंने आगामी चुनाव में बदायूं जनपद की सभी सीटों पर भाजपा का परचम लहराने का भरोसा जताया।
2022 में सपा प्रत्याशी से मिली थी हार
कुशाग्र सागर बिसौली विधानसभा सीट से भाजपा के विधायक रह चुके हैं। वर्ष 2022 के विधानसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी के प्रत्याशी आशुतोष मौर्य ने उन्हें पराजित किया था। अब उनके इस्तीफे के बाद जिले के राजनीतिक समीकरणों को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। हालांकि, इस्तीफे के पीछे की वजहों और उनके अगले राजनीतिक कदम को लेकर किसी आधिकारिक घोषणा की पुष्टि नहीं हुई है। ऐसे में आने वाले दिनों में इस घटनाक्रम पर विभिन्न राजनीतिक दलों की प्रतिक्रियाओं और कुशाग्र सागर की आगे की रणनीति पर नजर रहेगी।
कुशाग्र सागर के इस्तीफे से बदायूं की सियासत गरमाई, भाजपा जिलाध्यक्ष बोले- जिन्हें सिर्फ विधायक-सांसद बनना है, उनके लिए पार्टी उचित स्थान नहीं

6.3K views

























































































