बरेली। दो अक्टूबर को श्रीराम मूर्ति स्मारक ट्रस्ट परिवार के प्रेरणा स्रोत स्वतंत्रता सेनानी, पूर्व मंत्री स्वर्गीय श्रीराम मूर्ति का 38वां स्मृति दिवस मनाया गया। इस अवसर पर ट्रस्ट के संस्थापक व चेयरमैन देव मूर्ति ने अपने पिता स्वर्गीय श्रीराम मूर्ति की स्मृति में मेडिकल एजुकेशन इरा यूनिवर्सिटी लखनऊ के डायरेक्टर प्रोफेसर (डा.) राजेंद्र प्रसाद, उत्तर प्रदेश संगीत नाटक अकादमी के चेयरमैन प्रोफेसर (डा.) जयंत खोत और टेक्नोलॉजी एग्जीक्यूटिव एंड डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन लीडर बेंगलुरु की इंजीनियर प्रीति अरोरा को उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए राम मूर्ति प्रतिभा अलंकरण से सम्मानित किया। इसी के साथ एसआरएमएस ट्रस्ट के शैक्षिक संस्थानों में अध्ययनरत 732 प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को 3.5 करोड़ रुपये की छात्रवृत्ति वितरित की। विद्यार्थियों को 20 हजार से लेकर 2 लाख तक की छात्रवृत्ति बांटी गई। अतिथियों ने एसआरएमएस ट्रस्ट द्वारा प्रकाशित नाट्य संग्रह ‘धर्म नीति नियति‘ और ‘दर्पण के उस पार’ का भी विमोचन किया। श्रीराम मूर्ति स्मारक ट्रस्ट के सभी महाविद्यालयों (सीईटी, सीईटीआर, आईएमएस और रिद्धिमा में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी एवं लाल बहादुर शास्त्री जी के जन्मदिन (2 अक्टूबर 2026) पर उनके चित्रों पर माल्यार्पण कर श्रद्धासुमन अर्पित किए गए और राष्ट्रीय ध्वज फहराया गया। इसके साथ ही स्वतंत्रता संग्राम सेनानी, पूर्व मंत्री, पूर्व सांसद श्रीराम मूर्ति जी की 38वीं पुण्यतिथि पर भी श्रद्धासुमन अर्पित कर सभी ने उनके आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया। शुक्रवार को श्रद्धांजलि समारोह का आयोजन श्रीराम मूर्ति स्मारक कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी स्थित शतिक प्रेक्षागृह में हुआ। इसमें श्रीराम मूर्ति स्मारक ट्रस्ट के संस्थापक व चेयरमैन देव मूर्ति जी ने अपने पूज्य पिता जी के चित्र पर श्रद्धा सुमन अर्पित किए और सभी का स्वागत एवं अभिनन्दन किया। उन्होंने ट्रस्ट की स्थापना, इसके द्वारा संचालित संस्थाओं और किए जा रहे सामाजिक कार्यों की जानकारी दी और छात्रवृत्ति के संबंध में बताया। कहा कि 1990 में स्थापना के साथ ही ट्रस्ट द्वारा दी जाने वाली 21000 रुपये की छात्रवृत्ति की राशि आज 3.5 करोड़ रुपये पहुंच गई है। देव मूर्ति जी ने ट्रस्ट के शैक्षणिक संस्थानों द्वारा की जा रही रिसर्च के साथ मेडिकल कॉलेज द्वारा संचालित जनहित की विभिन्न योजनाओं की भी जानकारी दी। राम मूर्ति प्रतिभा अलंकरण प्राप्त करने के बाद प्रो. राजेंद्र प्रसाद आभार जताया और कहा कि राम मूर्ति प्रतिभा अलंकरण को उत्तर प्रदेश की पद्मश्री के समान बताया। उन्होंने कहा कि इस वर्ष पद्मश्री मिलने के बाद राम मूर्ति प्रतिभा अलंकरण मिलना मेरे लिए प्रदेश की पद्मश्री मिलने जैसा है। डा.राजेंद्र ने स्कालरशिप हासिल करने वाले विद्यार्थियों को उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं। कहा कि जब उन्होंने केजीएमयू से एमबीबीएस शुरू किया तब इस तरह की स्कालरशिप नहीं मिलती थी। आज विद्यार्थियों को स्कॉलरशिप हासिल करते देखना बेहद सुखद है। आप लोगों की यह अभी शुरुआत है। निरंतर आगे बढ़ते रहिए। मैं इस उम्र में भी खुद को मेडिकल का विद्यार्थी मानता हूं आप भी लगातार सीखने की प्रवृत्ति बनाए रखें। इससे आप सीखते रहेंगे और सफलता के रास्ते में आगे बढ़ते रहेंगे। प्रो. जयंत खोत कहा कि गायक होने के नाते मुझे बोलने के बजाय ज्यादातर गाने का अवसर ही मिला है। आज यहां मैं विद्यार्थियों को आशीर्वाद देता हूं। लेकिन सफलता के लिए सभी को कार्य के प्रति लगन, निरंतरता और परिश्रम के लिए देव मूर्ति जैसा बनना पड़ेगा। उज्ज्वल भविष्य के लिए उनसे यह सीखने की जरूरत है। एसआरएमएस इंजीनियरिंग कॉलेज की वर्ष 2000 की एलुमनाई इंजीनियर प्रीति अरोरा एसआरएमएस में एडमीशन की यादें साझा कीं। बोलीं- पहली बार एडमिशन के लिए जब यहां पहुंची तब तरह तरह के सवाल थे। एडमीशन के साथ करियर और प्लेसमेंट को लेकर तमाम चिंताएं थीं। पढ़ाई के दौरान वह सब खत्म होती चली गईं। चेयरमैन सर देव मूर्ति के मार्गदर्शन में यहां चार वर्ष मेहनत से पढ़ाई की। लगातार सीखने का मौका मिला। कैंपस प्लेसमेंट मिला। आप लोगों के साथ भी यही हुआ होगा और आगे भी होगा। हां यह तभी होगा जब आप यहां चार वर्ष पूरी मेहनत के साथ सीखें। प्रीति ने कहा कि वर्ष 2000 में यहां पर अभिनेत्री प्रियंका चोपड़ा को प्रतिभा अलंकरण प्रदान किया जा रहा था। तब मैं वालंटियर थी। प्रियंका जी को मंच तक पहुंचाया था। तब मैं नहीं सोच सकती थी कि 25 वर्ष बाद मुझे भी यहां पर प्रतिभा अलंकरण मिलेगा। आज यह सम्मान लेते हुए मैं भावुक हूं। श्रद्धांजलि समारोह में वार्ड ब्वाय अवधेश कुमार की पत्नी और बेटे प्रिंस गौतम को 30 लाख रुपये की राशि भी प्रदान की गई। अवधेश कुमार का निधन इसी वर्ष 12 मई को हो गया था। उसका खाता पीएनबी में अंडर सैलरी स्कीम के तहत अकाउंट था और नामिनी अवधेश का बेटा प्रिंस गौतम था। स्कीम के तहत पीएनबी की ओर से 30 लाख रुपये की राशि 30 सितंबर 2026 को बैंक खाते में ट्रांसफर की गई। इस राशि का प्रतीक चेक एसआरएमएस ट्रस्ट के चेयरमैन और पीएनबी के सर्किल हेड रणजीत कुमार चौबे ने अवधेश की पत्नी को प्रदान किया। कार्यक्रम के अन्त में ट्रस्ट सचिव आदित्य मूर्ति जी ने राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की 158 जयंती और पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री को याद किया और स्वतंत्रता सेनानी श्रीराम मूर्ति जी के 38वें स्मृति दिवस पर श्रद्धांजलि प्रकट की। उन्होंने स्मृति दिवस समारोह में आये सभी गणमान्य सदस्यों, छात्र/छात्राओं एवं उनके अभिभावकों को धन्यवाद प्रेषित किया। श्रद्धांजलि समारोह कार्यक्रम का संचालन टीडीपी सेल के डायरेक्टर डा. अनुज कुमार ने किया।
श्रद्धांजलि समारोह में गणमान्य लोग रहे मौजूद
श्रद्धांजलि समारोह में भोजीपुरा के विधायक शहजिल इस्लाम, भोजीपुरा के ब्लाक प्रमुख योगेश पटेल, पूर्व महापौर सुप्रिया ऐरन, कांग्रेस महानगर अध्यक्ष दिनेश दद्दा, गुरु मेहरोत्रा, बरेली कालेज के प्राचार्य डा.ओपी राय, डा.वंदना शर्मा, डा.एमबी कलहंस, डा.अनुराग मोहन, ट्रस्टी आशा मूर्ति , उषा गुप्ता, ऋचा मूर्ति , देविशा मूर्ति , ट्रस्ट एडवाइजर इंजीनियर सुभाष मेहरा, सदस्य बोर्ड आफ गर्वनर, श्रीराम मूर्ति स्मारक इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज के प्रिंसिपल एयर मार्शल (सेवानिवृत्त) डा. एमएस बुटोला, श्रीराम मूर्ति स्मारक कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी के प्रिंसिपल प्रो. प्रभाकर गुप्ता, श्रीराम मूर्ति स्मारक कॉलेज ऑफ नर्सिंग की प्रिंसिपल डा. जसप्रीत कौर, डीन डा. शैलेश सक्सेना, डीन फार्मेसी डा. अमित कुमार शर्मा, डा. सौरभ गुप्ता डीन स्टूडेन्ट वेलफेयर, चीफ प्रॉक्टर ई विवेक यादव, रिद्धिमा की सलाहकार डा.रीता शर्मा, पीएनबी के सर्किल मार्केटिंग हेड चीफ मैनेजर मोइन अख्तर, पीएनबी एसआरएमएस ब्रांच के मैनेजर अंकित भारद्वाज तथा सभी महाविद्यालयों के प्राचार्य एवं विभागाध्यक्ष आदि ने भी श्रद्धा सुमन अर्पित किए।
प्रोफेसर (डा.) राजेंद्र प्रसाद, डायरेक्टर, मेडिकल एजुकेशन इरा यूनिवर्सिटी लखनऊ
पिछले 50 वर्षों से डा.राजेंद्र प्रसाद ने क्षय एवं श्वसन रोगों की चिकित्सा, शिक्षा एवं अनुसंधान में उल्लेखनीय कार्य किया है। आपने राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन अभियान को सुदृढ़ करने तथा असंख्य जनों को गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने का भी अविस्मरणीय और प्रशंसनीय कार्य किया। इसके लिए आपको इस वर्ष पद्मश्री से भी सम्मानित किया गया है।
इंजीनियर प्रीति अरोरा, टेक्नोलॉजी एग्जीक्यूटिव एंड डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन लीडर बेंगलुरु
वर्ष 2000 में एसआरएमएस इंजीनियरिंग कॉलेज से सीएस में बीटेक करने वाली इंजीनियर प्रीति अरोरा विगत 25 वर्ष से अपने तकनीकी नेतृत्व, नवाचार एवं एआई संचालित डिजिटल रूपांतरण के माध्यम से अपने प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में उत्कृष्ट, कार्यकुशलता एवं नवसृजन के नूतन प्रतिमान स्थापित कर रही हैं। आपने एसआरएमएस में अध्ययन के दौरान लगातार स्कालरशिप हासिल की।
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—–वाद विवाद प्रतियोगिता के विजेताओं को सम्मान—–
द गुरू स्कूल और महात्मा ज्योतिबा फुले रुहेलखंड विवि को चल वैजयंती
श्रीराम मूर्ति स्मारक ट्रस्ट की 37वीं वाद-विवाद प्रतियोगिता में कनिष्ठ वर्ग और वरिष्ठ वर्ग में चल वैजयंती द गुरु स्कूल और महात्मा ज्योतिबा फुले रुहेलखंड विवि को प्रदान की गई। पिछले माह आयोजित ‘आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस युवा रचनात्मकता को खतरा’ विषय पर कनिष्ठ वर्ग की प्रतियोगिता हुई। इसमें चल वैजयंती द गुरू स्कूल बरेली को प्रदान की गई। विषय के पक्ष में जीआरएम, नैनीताल रोड की गौरी भाटिया ने प्रथम स्थान, द गुरू स्कूल की अक्षिता पाण्डेय ने द्वितीय स्थान, जीआरएम डोहरा रोड की अनन्या सक्सेना ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। जबकि विषय के विपक्ष में द गुरू स्कूल की कृतिका गंगवार ने प्रथम स्थान, हार्टमैन कॉलेज की निहारिका शर्मा ने द्वितीय स्थान, जीआरएम दोहरा रोड की जाह्नवी गंगवार ने तृतीय स्थान प्राप्त किया था। पक्ष और विपक्ष दोनों में स्थान हासिल करने के लिए द गुरु स्कूल को चल वैजयंती प्रदान की गई। वरिष्ठ वर्ग की वाद विवाद प्रतियोगिता का विषय “साइबर युद्ध: भविष्य के संघर्षों का नया हथियार” के पक्ष में संभाषण के लिए महात्मा ज्योतिबा फुले रुहेलखंड विश्वविद्यालय के अभय सिंह ने प्रथम स्थान हासिल किया। जबकि विषय के विपक्ष में संभाषण के लिए साहू, राम स्वरूप महिला महाविद्यालय की वैष्णवी अग्रवाल को पहले स्थान पर चुना गया। प्रतियोगिता में पक्ष और विपक्ष दोनों में स्थान हासिल करने के लिए चल वैजयंती महात्मा ज्योतिवाफुले रूहेलखण्ड विश्वविद्यालय ने हासिल की।
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आदित्य मूर्ति सहित 120 रक्तदाताओं ने किया रक्तदान
राष्ट्रपिता महात्मा गांधी, पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री जी के जन्मदिन और स्वतंत्रता सेनानी, पूर्व मंत्री श्रीराम मूर्ति जी के 38वें स्मृति दिवस पर एसआरएमएस मेडिकल कॉलेज के ब्लड बैंक की ओर से दो दिवसीय रक्तदान कैंप आयोजित किया गया। इसमें मेडिकल कालेज के डायरेक्टर आदित्य मूर्ति की अगुआई में विद्यार्थियों और स्टाफ ने रक्तदान किया। इसकी मदद से 120 यूनिट रक्त एकत्र हुआ। पहले दिन पहली अक्टूबर को एसआरएमएस ब्लड बैंक में रक्तदान कैंप लगाया गया। इसमें आदित्य मूर्ति सहित 90 लोगों ने रक्तदान किया। दूसरे दिन दो अक्टूबर को एसआरएमएस सीईटी में रक्तदान कैंप लगा। इसमें 30 यूनिट रक्त एकत्र हुआ। इस मौके पर विभागाध्यक्ष डा.मिलन जायसवाल सहित सभी फैकेल्टी मेंबर और स्टाफ मौजूद रहा।


























































































