बरेली। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के आह्वान पर 2 से 8 अक्टूबर तक चल रहे ‘लोकतंत्र बचाओ सप्ताह’ के अंतर्गत गुरुवार को बरेली में समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने ‘वोट बचाओ–देश बचाओ’ पैदल मार्च निकालकर जोरदार प्रदर्शन किया। जिलाध्यक्ष शुभलेश यादव एवं महानगर अध्यक्ष शमीम खाँ सुल्तानी के नेतृत्व में निकले मार्च में हजारों की संख्या में सपा कार्यकर्ता शामिल हुए। पैदल मार्च में सांसद नीरज मौर्य, प्रदेश महासचिव एवं विधायक अताउर रहमान, विधायक शहजिल इस्लाम, पूर्व सांसद वीरपाल सिंह, पूर्व सांसद प्रवीण सिंह ऐरन, पूर्व मंत्री भगवत सरन गंगवार, पूर्व विधायक विजय पाल सिंह एवं सुल्तान बेग, पूर्व महापौर सुप्रिया ऐरन, इंजीनियर अनीस अहमद, राजेश अग्रवाल, डॉ. अनीस बेग तथा ज़िला महासचिव राजकुमार पाल एवं महानगर महासचिव पंडित दीपक शर्मा, जिला कोषाध्यक्ष / प्रवक्ता अशोक यादव सहित बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे। समाजवादी पार्टी कार्यालय से शुरू हुआ पैदल मार्च अंबेडकर पार्क पहुंचा, जहां सपा नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया। इसके बाद कार्यकर्ता जोरदार नारेबाजी करते हुए नावेल्टी चौराहा, पटेल चौक होते हुए चौकी चौराहा स्थित राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की प्रतिमा पर पहुंचे। यहां जिलाध्यक्ष शुभलेश यादव, महानगर अध्यक्ष शमीम खाँ सुल्तानी सहित वरिष्ठ नेताओं ने महात्मा गांधी की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। इस दौरान जिलाध्यक्ष शुभलेश यादव ने भाजपा सरकार पर लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमजोर करने का आरोप लगाते हुए मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव प्रक्रिया और मतदाता अधिकारों को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं और लोकतंत्र की रक्षा के लिए जनता के वोट की सुरक्षा सुनिश्चित करना आवश्यक है। समापन के अवसर पर महानगर अध्यक्ष शमीम खाँ सुल्तानी ने अनुच्छेद 326 संबंधित प्रपत्र पढ़कर लोकतंत्र, संविधान और मताधिकार की रक्षा का संकल्प दिलाया। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी लोकतांत्रिक मूल्यों, संविधान और जनता के मताधिकार की रक्षा के लिए सड़क से लेकर हर लोकतांत्रिक मंच तक संघर्ष जारी रखेगी।
उन्होंने कहा अनुच्छेद 326 भारतीय संविधान के भाग 15 (निर्वाचन) में आता है। यह भारत में लोकतंत्र की नींव है।
इसका सीधा अर्थ है लोकसभा और राज्य की विधानसभा के चुनाव ” वयस्क मताधिकार के आधार पर होंगे
मतलब, धर्म, जाति, लिंग, नस्ल के भेदभाव के बिना, हर वह व्यक्ति जो भारत का नागरिक है और 18 साल या उससे ज्यादा उम्र का है, उसे वोट देने का अधिकार होगा लेकिन भाजपा षड्यंत्र कर कर हमारे वोट की चोरी करवा रही है।
सांसद नीरज मौर्या ने कहा कि जनता के वोट की ताकत ही लोकतंत्र की असली ताकत है और वोट की पारदर्शिता एवं निष्पक्षता से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा भाजपा सरकार ने एस. आई. आर के नाम पर चुनाव आयोग के द्वारा वोट चोरी करने का काम किया है, भाजपा की नियत और नीति संविधान विरोधी है।
इसी क्रम में पार्टी के प्रदेश महासचिव एवं बहेड़ी विधायक अताउर रहमान ने कहा कि भाजपा की नियत में खोट है, लोकतंत्र और संविधान में उसका विश्वास ही नहीं है, लोकसभा चुनावों के वक़्त इनका नारा ” अबकि बार 400 पार ” इसीलिए था जिससे यह भरपूर ताकत में आकर संविधान को बदल कर उसकी मूल भावना को समाप्त कर दे लेकिन उत्तर प्रदेश में अखिलेश यादव के नेतृत्व में सपा ने इनके इरादे कामयाब नहीं होनें दिए अब 2027 में उत्तर प्रदेश में सरकार बना कर इनके बचे हुए मंसूबो को भी समाप्त करना होगा।
उन्होंने कहा अब सपाई और जनता के गठबंधन के आगे यह वोट चोरी नहीं कर सकेंगे।
विधायक भोजीपुरा शहज़िल इस्लाम ने कहा भाजपा सरकार ने संवैधानिक संस्थाओं पर अपनी देश विरोधी मानसिकता के लोगों को नियुक्त कर विपक्ष का समर्थन करने वाली जनता को रोकने के लिए वोट चोरी करने का काम कर रहें हैं,जनता के सामने उनकी वोट चोरी का खुलासा हो गया है अब जनता द्वारा वोट चोरों को सबक सिखाया जाएगा।
पूर्व सांसद वीर पाल सिंह ने कहा भारतीय जनता पार्टी के लोग लोग बाबा साहब के संविधान की जगह आरएसएस के संविधान को लागू करना चाहते हैं इसलिए विपक्ष को वोट देने वाली जनता के वोट की चोरी उनके इशारे पर चुनाव आयोग द्वारा की गई, निश्चित रूप से यह देश के लिए बहुत दुर्भाग्य की बात है और लोकतंत्र के लिए बहुत बड़ा खतरा, भाजपा के इरादे अब पूरे नहीं होंगे जनता जाग चुकी है पी डी ए जाग चुका है इन लोगों को अब कुर्सी छोड़ना होगी।
पूर्व सांसद प्रवीण सिंह ऐरन ने कहा आयोग के बड़े पदों पर आरएसएस ने अपने लोग बैठा दिए हैं जिनकी मानसिकता और कार्य भाजपा के कार्यकर्ता के रूप में काम करने की है, जिनको अब कुर्सी छोड़नी होगी।
पैदल मार्च के दौरान कार्यकर्ता लगातार ‘वोट चोर–गद्दी छोड़’, ‘ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दो’, ‘वोट बचाओ–देश बचाओ’ सहित विभिन्न नारे लगाते रहे। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं में जबरदस्त उत्साह और आक्रोश दिखाई दिया।
इस अवसर पर बरेली मुरादाबाद खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र प्रत्याशी हाज़ी दानिश अख्तर, पूर्व जिलाध्यक्ष अगम मौर्या, शिव चरन कश्यप, पूर्व महापौर सुप्रिया ऐरन, मलखान सिंह यादव,राजेश अग्रवाल, इंजिनियर अनीस, संजीव सक्सेना, नूतन शर्मा, सुरेंद्र सोनकर,सुरेन्द्र मिश्रा, पूनम सेठ, शालिनी सिंह, संगीता पाल, उपाध्यक्ष गणों में पीयूष लोधी, शेर सिंह गंगवार,दिनेश यादव, रविन्द्र यादव, प्रदीप मौर्या, योगेश यादव, समयुन खान, पन्ना लाल साहू, राजेश मौर्या, प्रमोद यादव, अनुज गंगवार, मुश्ताक अहमद, तनवीर उल इस्लाम, मो. खालिद खाँ, प्रमोद बिष्ट, डॉ. अमित सक्सेना, चौधरी बिजेंद्र सिंह, गोविन्द सैनी, बिजेंद्र यादव, ताजुद्दीन, डॉ शफ़ीक़ उद्दीन, जितेंद्र मुंडे, चंद्रसेन सागर,सिंपल कन्नौजिया,अरविन्द्र सिंह वेदी, हैदर अली, रणवीर जाटव, शिव प्रताप यादव,सादिक भाई,अहमद जान,अफसर खा,आदेश कुण्डा,पार्षद गणों में गौरव सक्सेना, मो. आरिफ कुरैशी, सलीम पटवारी, रईस मियाँ अब्बासी, अलीम सुल्तानी, शमीम अहमद, गुल बशर अंसारी, सनी मिर्जा, पूर्व ब्लाॉक प्रमुख आदेश गुड्डू, पुरुषोत्तम गंगवार,जमुना प्रसाद मौर्य,मुकेश मिश्रा,भद्र सेन गंगवार, रामबहादुर लोधी,बफाउर रहमान, बिजेंद्र पटेल, विधानसभा अध्यक्ष गणों में शहर से हसीब खान, कैंट से हरिओम प्रजापति, मीरगंज सुरेश गंगवार, आँवला इंद्रपाल सिंह, बहेड़ी नासिर रजा, नबाबगंज अनिल गंगवार, बिथरी अनिल पटेल तथा फरीदपुर बलराम यादव, सचिव गणों में ओमपाल यादव, ब्रजेश श्रीवास्तव, नाजिम कुरैशी, सय्यद ज़मील, डॉ. सत्यदेव ओझा,गोपाल कश्यप, अनुज वाल्मीकि, अरबिंद आनंद, चंद्र सेन पाल, दीपक वाल्मीकि, नरेश पटेल, राम सेवक प्रजापति, हैप्पी यादव, मुकेश मिश्रा, मेराज अंसारी, अकरम खान, रमीज़ हाशमी, रेहान अंसारी, राजेश यादव, शिवम प्रजापति, युधिष्ठिर पाल सिंह, बाबा मियाँ, नरेश विश्वकर्मा, इसराफ़िल खान राश्मि, प्रवीण गोयल, परवेज यार खान, महेन्द्र लोधी, प्रकोष्ठ अध्यक्षों में युवजन सभा जिलाध्यक्ष मोहित भारद्वाज व महानगर अध्यक्ष दीपक यादव, लोहिया वाहिनी जिलाध्यक्ष भुवनेश प्रधान, व्यापार सभा महानगर अध्यक्ष नीरज गुप्ता, छात्र सभा जिलाध्यक्ष अविनाश मिश्रा व महानगर अध्यक्ष विक्रांत पाल, अल्पसंख्यक सभा जिलाध्यक्ष असलम खान व महानगर अध्यक्ष मोहसिन खान, महिला सभा जिलाध्यक्ष स्मिता यादव व महानगर अध्यक्ष ग़ज़ल अंसारी, शिक्षक सभा जिलाध्यक्ष हृदेश यादव व महानगर अध्यक्ष के. पी राठौर, अधिवक्ता सभा जिलाध्यक्ष श्यामवीर यादव, मज़दूर सभा जिलाध्यक्ष यशवीर यादव व महानगर अध्यक्ष अशफ़ाक़ चौधरी, पिछड़ा वर्ग प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष मनोहर गंगवार व महानगर अध्यक्ष आदित्य यादव, सांस्कृतिक सभा जिलाध्यक्ष संजय शास्त्री, बाबा साहब वाहिनी जिलाध्यक्ष ब्रजेश आज़ाद व महानगर अध्यक्ष अमित गिहार, अनुसूचित जाति व जनजाति प्रकोष्ठ जिलाध्यक्ष रामवीर दिवाकर व महानगर अध्यक्ष सुनील सागर, सैनिक प्रकोष्ठ जिलाध्यक्ष राकेश यादव व महानगर अध्यक्ष रिहान रज़ा खान, शांति सिंह, भारती चौहान, एड. हुरिया रहमान, मनीषा सक्सेना, दीपा जेम्स, कमलेश ठाकुर, उषा यादव, गुड़िया गंगवार, सोनू लाल, सलीम अंसारी, अली इशरार, अमित पटेल, ज़िला पंचायत सदस्य अरविन्द यादव, छेदा लाल दिवाकर एवं ब्रह्म स्वरुप सागर, सोनू जेम्स, रोहित राजपूत, इश्तियाक सकलेनी, हाज़ी शकील, पप्पू खान, समकित जलोटा, आयुष अग्रवाल, पीर मोहम्मद, सी. पी आर्या, महेन्द्र बिक्रम, एड संजय वर्मा, एड. नितेश वाल्मीकि, एड. राजकुमार लोधी, नामी शरण यादव, विजय कुमार,गंगा सिंह यादव, धर्मेंद्र लालू,सत्यवीर यादव,नरेंद्र यादव, इंजीनियर सतेंद्र यादव,डॉ चांद आदि मौजूद रहे।

























































































